तेरी आंखे जैसे बादल मे बिजली,
हर रस्ते पर तू मेरा साथ दे,
तेरी बातें जैसे मेरा हुकुम,
तेरा हंसता हुआ चेहरा मुझे देता है सुकून।
हर रस्ते पर तू मेरा साथ दे,
तेरी बातें जैसे मेरा हुकुम,
तेरा हंसता हुआ चेहरा मुझे देता है सुकून।
शाम की चाय और बारिश का साथ,
मेरे हमदम तू साथ हो तो एक ही है दिन और रात,
तेरे पायल की खनखनाहट जैसे सिसकती डालियां, आसमान में लटकते तारे सी लगती है तेरी बालियां।
मेरे हमदम तू साथ हो तो एक ही है दिन और रात,
तेरे पायल की खनखनाहट जैसे सिसकती डालियां, आसमान में लटकते तारे सी लगती है तेरी बालियां।
आसूं जो आए तेरे आंखों में,
मेरे दिल में उठे सैलाब,
बारिश मे भीगती हुई तू,
जैसे तालाब में खिलता गुलाब।
मेरे दिल में उठे सैलाब,
बारिश मे भीगती हुई तू,
जैसे तालाब में खिलता गुलाब।
तेरी तारीफों की तहरीर के लिए,
पूरे कायनात के कागज़ भी कम है,
तेरे ऊपर लिख सके,
ऐसी ना ही कोई कलम है।
पूरे कायनात के कागज़ भी कम है,
तेरे ऊपर लिख सके,
ऐसी ना ही कोई कलम है।
तेरा हंसना ऐसा है,
जैसे पंछियों की चहचहाहट,
आते ही तू महका दे समा,
जैसे बारिश से पहले मिट्टी की खुशबू।
जैसे पंछियों की चहचहाहट,
आते ही तू महका दे समा,
जैसे बारिश से पहले मिट्टी की खुशबू।
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